नाना पाटेकर का पंजाब से था खास रिश्ता, गोल्डन टेंपल से लेकर पंजाबी सीखने तक जुड़ी हैं कई यादें
punjabkesari.in Thursday, Oct 08, 2026 - 07:30 PM (IST)
पंजाब डैस्क : बॉलीवुड के दिग्गज अभिनेता नाना पाटेकर के निधन से फिल्म जगत में शोक की लहर है। 75 वर्षीय नाना पाटेकर का गुरुवार सुबह गोवा में निधन हो गया। उन्हें कार्डियक अरेस्ट के बाद अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
नाना पाटेकर का पंजाब से भी खास लगाव रहा। वह पंजाब आना और यहां का माहौल पसंद करते थे। करीब 17 साल पहले पंजाब में शूटिंग के दौरान उन्होंने पंजाबी सीखी थी। उन्होंने पंजाबी भाषा को लेकर अपने लगाव का जिक्र करते हुए कहा था कि उन्हें पंजाबी बहुत पसंद है।
जनवरी 2018 में नाना पाटेकर अपनी पत्नी नीलकांति पाटेकर के साथ अमृतसर पहुंचे थे। इस दौरान उन्होंने श्री हरमंदिर साहिब में माथा टेका और सेवा व श्रद्धा के माहौल की तारीफ की थी। दर्शन के बाद उन्होंने कहा था कि गोल्डन टेंपल आकर उन्हें बेहद शांति महसूस हुई। उन्होंने यहां लोगों की सेवा और श्रद्धा को देखकर प्रभावित होने की बात कही थी। उनका कहना था कि यहां किसी तरह का भेदभाव नजर नहीं आता और अगर देश इस भावना को अपना ले तो देश और बेहतर बन सकता है।
नाना पाटेकर खुद को प्रकृति के करीब रहने वाला इंसान बताते थे। चंडीगढ़ में मीडिया से बातचीत के दौरान उन्होंने कहा था कि उन्हें खेती-किसानी पसंद है और वह खुद को “दिल से किसान” मानते हैं। उन्होंने यह भी बताया था कि उनके पिता फर्राटेदार पंजाबी बोलते थे, क्योंकि टेक्सटाइल प्रिंटिंग के कारोबार के चलते उनका पंजाबियों से लगातार संपर्क रहता था।
इतना ही नहीं नाना पाटेकर एक नेक दिल इन्सान भी थे। चंडीगढ़ से उनका एक खास किस्सा जुड़ा हुआ है। दरअसल फिल्म ‘वेलकम’ की शूटिंग के दौरान उन्होंने एक असिस्टेंट डायरेक्टर के किसान पिता की बाइपास सर्जरी के लिए कथित तौर पर 3 लाख रुपए की मदद की थी।

