जाली लाइसेंस घोटाला मामला, कोर्ट ने 3 डॉक्टरों सहित 6 को सुनाई यह सजा

punjabkesari.in Friday, Dec 02, 2022 - 11:57 AM (IST)

लुधियाना  (मेहरा): जाली लाइसेंस घोटाले में अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश डॉ. अजीत अत्री की अदालत ने फिरोजपुर रोड निवासी देशराज, हैबोवाल निवासी राजीव गुप्ता और डी.टी.ओ. के  कर्मचारी विनोद कुमार को 2-2 वर्ष कैद की सजा सुनाई है। अदालत ने इस मामले में ड्राइविंग लाइसेंस बनाते समय झूठी मेडिकल रिपोर्ट बनाने के आरोप में फील्ड गंज निवासी डॉ. प्रितपाल सिंह, बी.आर.एस. नगर निवासी डॉक्टर संतोख सिंह और सिविल लाइन निवासी अशोक कुमार को भी  2-2  वर्ष कैद व जुर्माने की सजा सुनाई है। इस मामले के दो अन्य आरोपियो बलजिंदर सिंह और सुनील सूद की मामले के दोरान मौत हो गई थी। मामला विजिलेंस पुलिस की ओर से 17 सितंबर 2014 को विरुद्ध दर्ज किया गया था।

जांच के दौरान विजिलेंस पुलिस को पता लगा कि सब आरोपी आपस में मिलकर लोगों के जाली लाइसेंस बनाते हैं जिसमें उक्त डॉक्टर झूठे सर्टिफिकेट तैयार करके डी.टी.ओ. कर्मचारियों को देते हैं| पुलिस ने मामला दर्ज कर आरोपियों को गिरफ्तार किया।अदालत में आरोपीयो ने खुद को बेकसूर बताया ओर कहा कि उन्हें झूठ फंसाया गया हैं। दोनों पक्षों की दलीले सुनने के बाद अदालत ने उक्त सजा सुनाई।

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News Editor

Urmila

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