पढ़ाई की जिद ने छीन ली मासूम की जिंदगी, 10वीं में दाखिला न होने से आहत किशोरी ने फंदा लगाकर दी जान
punjabkesari.in Friday, Apr 17, 2026 - 09:49 AM (IST)
लुधियाना(राज): हैबोवाल इलाके में एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है, जहां महज 10वीं कक्षा में दाखिला न मिल पाने के कारण एक 16 वर्षीय किशोरी ने मौत को गले लगा लिया। पवित्र नगर में रहने वाली दिव्या नामक इस छात्रा ने अपने घर के पंखे से फंदा लगाकर आत्महत्या कर ली। जब परिजनों ने दरवाजा तोड़कर उसे नीचे उतारा, लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी। अस्पताल ले जाने पर डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया, जिसके बाद पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर आगे की कार्रवाई शुरू की है।
परिवार की आर्थिक हालत कमजोर
जानकारी के अनुसार दिव्या ने हाल ही में नौवीं कक्षा पास की थी और वह आगे पढ़ने के लिए 10वीं में दाखिला लेना चाहती थी। लेकिन किस्मत को कुछ और ही मंजूर था। दिव्या के पिता अरुण कुमार कपड़ों पर कढ़ाई का काम करते हैं और मां दूसरों के घरों में बर्तन साफ कर परिवार का गुजारा चलाती है। आर्थिक तंगी के कारण जब दिव्या ने दाखिले की जिद की, तो पिता ने उसे समझाया कि अभी हाथ तंग है और कुछ दिनों बाद उसका एडमिशन करवा देंगे। शायद मासूम दिव्या पिता की इस मजबूरी को समझ नहीं पाई और उसे यह बात इतनी चुभ गई कि उसने अपनी जीवनलीला समाप्त करने का खौफनाक फैसला ले लिया।
पोस्टमार्टम के लिए शव अस्पताल भेजा
घटना के वक्त दिव्या की छोटी बहन बाहर खेल रही थी और माता-पिता अपने कामों में व्यस्त थे। इसी बीच दिव्या ने कमरे में जाकर दरवाजा अंदर से बंद कर लिया। काफी देर तक हलचल न होने पर जब छोटी बहन ने शोर मचाया, तो परिजनों ने दरवाजा पीटा। कोई जवाब न मिलने पर जब दरवाजा तोड़ा गया तो अंदर का मंजर देख सबकी रूह कांप गई। हैबोवाल थाने के एसएचओ कृष्ण कुमार ने बताया कि पुलिस ने मौके पर पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया है। परिजनों ने फिलहाल किसी भी तरह की कानूनी कार्रवाई से इनकार किया है, जिसके बाद पुलिस ने धारा 174 के तहत मामला दर्ज कर शव को पोस्टमार्टम के लिए सिविल अस्पताल भेज दिया है।

