‘नीट’ में फर्जीवाड़ा रोकने को नेशनल मेडिकल कमीशन सख्त, आज जारी होंगे एडमिट कार्ड
punjabkesari.in Sunday, Apr 26, 2026 - 09:03 AM (IST)
लुधियाना (विक्की): नेशनल टैस्टिंग एजैंसी (एन.टी.ए.) द्वारा नीट यू.जी.-2026 परीक्षा के लिए एडमिट कार्ड 26 अप्रैल रविवार को जारी किए जाएंगे। परीक्षार्थी इन्हें बोर्ड की आधिकारिक वैबसाइट पर जाकर डाऊनलोड कर सकेंगे। यह परीक्षा अपने तय समय के अनुसार 3 मई (रविवार) को दोपहर 2 बजे से शाम 5 बजे तक पैन और पेपर मोड में ली जाएगी। परीक्षा केंद्र पर रिपोर्टिंग के लिए सुबह 11 बजे से एंट्री शुरू कर दी जाएगी और दोपहर 1.30 बजे के बाद किसी भी छात्र को अंदर जाने की अनुमति नहीं दी जाएगी।
परीक्षा में किसी भी प्रकार की गड़बड़ी और फर्जीवाड़े को रोकने के लिए नेशनल मेडिकल कमीशन (एन.एम.सी.) ने बड़ा कदम उठाया है। एन.एम.सी. ने देशभर के मेडिकल कॉलेजों को आदेश दिए हैं कि 2 और 3 मई को एम.बी.बी.एस. समेत अन्य मेडिकल विद्यार्थियों को छुट्टी न दी जाए।
यह फैसला इसलिए लिया गया है ताकि मेडिकल छात्र किसी ‘सॉल्वर गैंग’ का हिस्सा न बन सकें या किसी अन्य छात्र की जगह परीक्षा देने की कोशिश न करें। पिछले वर्षों में ऐसी घटनाओं में मेडिकल छात्रों की संलिप्तता पाए जाने के कारण इस बार कॉलेजों को छात्रों पर कड़ी नजर रखने और उन्हें जागरूक करने को कहा गया है।
सख्त ड्रैस कोड और प्रतिबंधित वस्तुएं
एन.टी.ए. ने परीक्षा के दौरान पारदर्शिता बनाए रखने के लिए सख्त ड्रेस कोड लागू किया है। विद्यार्थियों को हल्के कपड़े और आधी बाजू की शर्ट या टी-शर्ट पहनने की सलाह दी गई है। बड़े बटन, ब्रोच या भारी डिजाइन वाले कपड़े और जूतों की मनाही है। परीक्षार्थियों को साधारण चप्पल या सैंडल पहनकर आना होगा।
इसके अलावा मोबाइल, स्मार्टवॉच, ब्लूटुथ डिवाइस, किसी भी प्रकार के गहने, वॉलेट और इलैक्ट्रॉनिक गैजेट्स परीक्षा केंद्र के अंदर ले जाना प्रतिबंधित है। यदि कोई विद्यार्थी अपनी धार्मिक परंपरा के अनुसार विशेष पोशाक पहनता है, तो उसे जांच के लिए केंद्र पर 2 घंटे पहले पहुंचना होगा।
सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम
इस बार परीक्षा की सुरक्षा को लेकर विशेष प्रबंध किए गए हैं। देश-विदेश के 551 शहरों में होने वाली इस परीक्षा के लिए आधार-आधारित बायोमैट्रिक सत्यापन और सी.सी.टी.वी. कैमरों से रियल-टाइम निगरानी की जाएगी। प्रश्न-पत्रों को जी.पी.एस.-ट्रैकिंग वाले वाहनों के जरिए डबल-लॉक स्ट्रॉन्ग रूम तक पहुंचाया जाएगा। अधिकारियों के अनुसार इस बार बायोमैट्रिक मशीनों की संख्या भी बढ़ाई गई है ताकि प्रत्येक उम्मीदवार की पहचान की गहनता से जांच की जा सके और किसी भी तरह के नकली दस्तावेज के उपयोग को रोका जा सके।
अपने शहर की खबरें Whatsapp पर पढ़ने के लिए Click Here

