मुठभेड़ में मारे गए रणजीत सिंह के बाद अब बदले की प्लानिंग? हिट लिस्ट में पुलिस आफिसर
punjabkesari.in Sunday, Apr 05, 2026 - 07:13 PM (IST)
गुरदासपुर (विनोद): जिला पुलिस गुरदासपुर की सीमावर्ती गांव आदियां चेक पोस्ट पर तैनात पुलिस कर्मियों की गोली मारकर की गई हत्या मामले में पुलिस द्वारा एक आरोपी रणजीत सिंह की पुलिस मुठभेड़ में गोली लगने से मौत हो गई थी। अब इस मामले में अब नया मोड़ सामने आया है। रणजीत सिंह के ताया हरविंदर सिंह मल्ली के अनुसार कुछ लोग उन्हें अदालत में मिले थे। जिन्होंने रणजीत सिंह का बदला लेने के लिए सीआईए स्टाफ के इंचार्ज गुरमीत सिंह को मारने के लिए कहा था। लेकिन हरविंदर सिंह मल्ली ने उन्हें ऐसा करने से रोक दिया और कहा कि ऐसा बिलकुल ना किया जाए। उन्हें अदालत पर पूरा भरोसा है कि उन्हें इंसाफ जरूर मिलेगा।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार पाकिस्तान की गुप्तचर ऐजेंसी आई.एस.आई. के आदेश पर एक आतंकवादी संगठन के कहने पर गांव आदियां के रहने वाले रणजीत सिंह, इंद्रजीत सिंह और दिलावर सिंह निवासी अलावलपुर ने इस वारदात को अंजाम दिया था। पुलिस ने दावा किया था कि 25 फरवरी को पुलिस मुठभेड़ में पुलिस कर्मचारियों की हत्या में शामिल आरोपी रणजीत सिंह की गोली लगने से मौत हो गई थी और इस मुठभेड़ में सीआईए स्टाफ के इंचार्ज गुरमीत सिंह भी घायल हो गए थे।
रणजीत सिंह के ताया हरविंदर सिंह ने बताया कि वह शनिवार को जब वह अपने भतीजे रणीत सिंह के मामले में जिला अदालत में गए थे तो वंही उन्हे फोन आया कि रणजीत सिंह हत्या कांड मामले में आपसे बात करना चाहते हैं। तभी उन्होंने कहा कि वह जिला कोर्ट कम्पलैक्स में मौजूद है आप वहां मुझ से मिल सकते हैं।
उन्होने बताया कि उनको कॉल करने वाले का नाम गुरबख्श सिंह था। फिर कोर्ट में एक आदमी आता हैं जिसको वह जानते नही थे, उक्त व्यक्ति ने अपने आप को नवा पिंड झावर का बताया। जिसके पास ही इंस्पेक्टर गुरमीत सिंह का घर हैं। इसके बाद मैने कहा कि अभी उनके पास टाइम नहीं तो वह व्यक्ति कोर्ट में बनी कैंटीन में चला जाता हैं। फिर थोडी देर बाद उसका फोन आया कि वह कैंटीन में बैठा हैं तो मैने उस से मुलाकात की जिसके बाद उन्होंने रणजीत सिंह को इंसाफ दिलाने के बारे में कहा कि आप क्या कर रहे हो। तो मैंने कह दिया कि कोर्ट में केस चल रहा हैं। फिर उस उक्त व्यक्ति ने कहा कि उसे इंसाफ नहीं मिलेगा, तो मैने अपना फोन रिकार्डिग पर लगा दिया।
जिसके बाद उन्होने कहा कि आप कहो तो हम इंस्पेक्टर गुरमीत सिंह को गोली मार दें, तो मैने कहा कि हम कौन होते हैं किसी को सजा देने वाले। कोर्ट हैं और भगवान इंसाफ देंगे। फिर उन्होने कहा कि पिछले 15 दिनों से गुरमीत सिंह को मारने का प्लान बना रहे हैं, आप से एक बार पूछना था। इस पर उसने कहा कि वह ऐसा कुछ भी न करें और अगर कोई ऐसा प्लान बना रहा है तो उसे भी रोक दे। रणजीत सिंह को इंसाफ नहीं मिलेगा उलटा हम भी अपराधी बन जाए गए।
क्या कहते हैं एसएसपी :-
इस सबंध में एसएसपी आदित्य ने कहा कि अगर हरविंदर सिंह मल्ली को कोई आदमी मिले हैं तो उन्होने पुलिस को इस संबंधी जानकारी क्यों नही दी। सीआईए इंचार्ज गुरमीत सिंह की बात करे तो उनको पहले हिट लिस्ट में हैं। बाकी इस मामले को लेकर वह जांच करेगे।

