परविंदर सिंह झोटा ह+त्या मामले में Punjab Bandh, घर से निकलने से पहले पढ़ें ये खबर
punjabkesari.in Thursday, Oct 15, 2026 - 02:32 PM (IST)
पंजाब डेस्क: नशा विरोधी मुहिम के नेता परविंदर सिंह झोटा की हत्या के मामले में इंसाफ की मांग को लेकर 15 अक्टूबर को पंजाब बंद का आह्वान किया गया है। संघर्ष कमेटी की ओर से बुलाए गए बंद को विभिन्न किसान संगठनों, सामाजिक संगठनों और राजनीतिक दलों का समर्थन मिल रहा है। इस दौरान टांडा और फरीदकोट में हाईवे पर धरना देने तथा यातायात रोकने की तैयारी कर रहे प्रदर्शनकारियों के खिलाफ पुलिस ने कार्रवाई की। वहीं बठिंडा में मनसा चौक पर चंडीगढ़ हाईवे पूरी तरह जाम है।

पायल(विनायक)
भारतीय किसान यूनियन एकता उगराहां की ओर से पायल में रोष प्रदर्शन किया गया। इस दौरान प्रदर्शनकारियों ने बस स्टैंड और मुख्य सड़क पर जाम लगाकर रोष जताया तथा नशों के कारोबार, युवाओं की जिंदगी से हो रहे खिलवाड़ और नशों के खिलाफ आवाज उठाने वालों की सुरक्षा का मुद्दा जोरदार ढंग से उठाया।
टांडा में हाईवे पर धरना देने पहुंचे नेता हिरासत में
टांडा में पंजाब बंद के दौरान हाईवे पर धरना लगाने पहुंचे विभिन्न संगठनों के नेताओं को पुलिस ने हिरासत में ले लिया। संगठन परविंदर सिंह झोटा हत्याकांड में इंसाफ और पंजाब से नशे के खात्मे की मांग को लेकर प्रदर्शन करने पहुंचे थे।
फरीदकोट में किसान नेता तेज सिंह पक्का समेत कई कार्यकर्ता हिरासत में
वहीं, फरीदकोट में अमृतसर-बठिंडा नेशनल हाईवे जाम करने की तैयारी कर रहे भारतीय किसान यूनियन एकता सिद्धूपुर के ब्लॉक प्रधान तेज सिंह पक्का समेत अन्य किसान नेताओं और कार्यकर्ताओं को पुलिस ने हिरासत में ले लिया। किसान संगठन के सदस्य पंजाब बंद के समर्थन में हाईवे पर धरना देकर यातायात रोकने की तैयारी कर रहे थे।
जालंधर में दिखा बंद का असर
वहीं जालंधर में भी बंद का पूरा असर देखने को मिला है। बाजार और स्कूल पूरी तरह बंद है। हालांकि, मेडिकल सेवाओं सहित अन्य जरूरी आपातकालीन सेवाओं को चालू रखने का ऐलान किया गया है, ताकि आम लोगों और मरीजों को परेशानी का सामना न करना पड़े।
बाघापुराना( अजय अग्रवाल)
बाघापुराना के मुख्य चौक में धरना प्रदर्शन किया जा रहा , जिसमें भारतीय किसान यूनियन पंजाब, किरती किसान यूनियन, शिरोमणि अकाली दल, शिरोमणि अकाली दल वारिस पंजाब, भारतीय किसान यूनियन खोसा, कांग्रेस पार्टी सहित विभिन्न राजनीतिक, धार्मिक और अन्य संगठनों के प्रतिनिधियों ने हिस्सा लिया। पंजाब बंद के आह्वान को बाघापुराना सब-डिवीजन में भरपूर समर्थन मिला। शहर के मुख्य बाजार पूरी तरह बंद रहे, जिससे आम जनजीवन प्रभावित हुआ। केवल मेडिकल स्टोर, अस्पताल, एंबुलेंस और अन्य जरूरी सेवाएं चालू रहीं। बाकी दुकानें बंद रहने के कारण बाजारों में सन्नाटा पसरा रहा और शहर की व्यापारिक गतिविधियां ठप रहीं।
पंजाब सरकार और डीजीपी के इस्तीफे की मांग
संघर्ष कमेटी ने परविंदर सिंह झोटा और उनके परिवार को इंसाफ दिलाने के साथ-साथ पंजाब से नशे के खात्मे की मांग उठाई है। कमेटी ने पंजाब सरकार और डीजीपी गौरव यादव के इस्तीफे की मांग भी की है। संगठन का कहना है कि नशे के खिलाफ आवाज उठाने वाले लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए ठोस कदम उठाए जाने चाहिए।
पिता ने पंजाब के लोगों से बंद का समर्थन करने की अपील की
परविंदर सिंह झोटा के पिता फौजी भीम सिंह ने पंजाब के लोगों से बंद को पूर्ण समर्थन देने की अपील की है। उन्होंने कहा कि यह लड़ाई केवल उनके परिवार को इंसाफ दिलाने तक सीमित नहीं है, बल्कि पंजाब की युवा पीढ़ी को नशे से बचाने और राज्य से नशे के खात्मे से भी जुड़ी है। उन्होंने कहा कि जब तक वह जीवित हैं, नशे के खिलाफ अपनी मुहिम जारी रखेंगे।

