आज फिर बुलाई गई कैबिनेट की बैठक, इस मुद्दे पर होगी चर्चा

punjabkesari.in Wednesday, Jun 08, 2022 - 10:00 AM (IST)

जालंधर (धवन): मुख्यमंत्री भगवंत मान ने अपने कैबिनेट की 8 जून को शाम 4 बजे पंजाब सिविल सचिवालय चंडीगढ़ में बैठक बुलाई। मुख्य सचिव अनिरुद्ध तिवारी द्वारा जारी पत्र में सभी कैबिनेट मंत्रियों व कैबिनेट से जुड़े अधिकारियों को मौजूद रहने के लिए कहा गया है।

सरकारी हलकों ने बताया कि कल की बैठक में भगवंत मान सरकार नई आबकारी नीति पर चर्चा कर सकती है। पहले यह कहा जा रहा था कि नई आबकारी नीति पर आज (मंगलवार) की कैबिनेट बैठक में मोहर लगा दी जाएगी परंतु ऐसा नहीं हो सका। पंजाब कैबिनेट ने आप सरकार की पहली आबकारी नीति पर आज चर्चा नहीं की।
 
इसके लिए एक उपकमेटी बनाई गई है जो आबकारी नीति को लेकर विभिन्न आपत्तियों को देखेगी। यह कहा जा रहा था कि संशोधित नीति अगली कैबिनेट बैठक में रखी जाएगी। अब देखना यह है कि कल की बैठक में नई आबकारी नीति पेश की जाती है या नहीं। चूंकि बजट सत्र 24 जून से शुरू होना है इसलिए अभी इसमें काफी दिन शेष हैं।

राज्य में सरकार द्वारा नई आबकारी नीति को 1 जुलाई से लागू करना है। उसके लिए अंग्रेजी व देसी शराब के ठेकों की अलॉटमेंट भी की जानी है इसलिए नई आबकारी नीति को कैबिनेट से मंजूरी दिलवाने में ज्यादा देरी नहीं की जा सकती है। सरकारी हलकों ने बताया कि कैबिनेट द्वारा आबकारी नीति को पास किए जाने के बाद राज्य में अंग्रेजी व देसी शराब के ठेकों की अलॉटमेंट ठेकेदारों को की जाएगी। इसके लिए लाटरी सिस्टम अपनाया जाता है या फिर कोई नई नीति को प्रयोग में लाया जाता है, इस पर सभी ठेकेदारों की नजरें लगी हुई हैं।

सरकार नई आबकारी नीति से अपना राजस्व बढ़ाना चाहती है। अभी सरकार को आबकारी नीति से लगभग 7500 करोड़ का वार्षिक राजस्व प्राप्त हो रहा है। सरकार इसमें 30 से 35 प्रतिशत बढ़ौतरी करना चाहती है। इसके साथ-साथ सरकार शराब को सस्ती भी करना चाहती है ताकि अन्य राज्यों से शराब की तस्करी पर रोक लग सके जबकि राज्य के ठेकेदारों का मानना है कि सरकार नई आबकारी नीति की मार्फत 20 से 22 प्रतिशत राजस्व में बढ़ौतरी कर ले। इससे ठेकेदारों का कारोबार भी ठीक चल सकेगा और साथ ही शराब के कारोबार में लगे पंजाब के लोगों का रोजगार भी बरकरार रह सकेगा।

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News Editor

Kalash

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