"बदला, बदला, बदला" वाले E-Mail से हड़कंप: प्रसिद्ध मंदिरों को उड़ाने की धमकी के बाद High Alert पर Punjab
punjabkesari.in Thursday, Jun 04, 2026 - 04:38 PM (IST)
बठिंडा( विजय वर्मा): पंजाब में एक बार फिर बम धमकियों ने सुरक्षा एजेंसियों की नींद उड़ा दी है। वीरवार को एक सनसनीखेज ईमेल केजी जरिए प्रदेश के कई धार्मिक और ऐतिहासिक स्थलों को बम से उड़ाने की धमकी दी गई, जिसमें बठिंडा जिले के प्रसिद्ध शक्तिपीठ माता माइसरखाना मंदिर का नाम भी शामिल है। धमकी मिलते ही पुलिस, खुफिया एजेंसियों और सुरक्षा बलों में हड़कंप मच गया तथा पूरे इलाके में हाई अलर्ट घोषित कर दिया गया।
मंदिर के सभी प्रवेश द्वारों पर कड़ी निगरानी
सूत्रों के अनुसार धमकी भरे ईमेल में 6 जून 1984 का उल्लेख करते हुए कई बार "बदला, बदला, बदला" लिखा गया है। ईमेल में दावा किया गया है कि विभिन्न धार्मिक स्थलों पर आईईडी और विस्फोटक लगाए गए हैं। हालांकि शुरुआती जांच में कोई संदिग्ध वस्तु बरामद नहीं हुई, लेकिन सुरक्षा एजेंसियां इस चेतावनी को हल्के में लेने के मूड में नहीं हैं। धमकी के बाद माता माइसरखाना मंदिर की सुरक्षा अभेद्य कर दी गई है। मंदिर के सभी प्रवेश द्वारों पर कड़ी निगरानी रखी जा रही है, मेटल डिटेक्टर लगाए गए हैं और श्रद्धालुओं की गहन तलाशी ली जा रही है। मंदिर परिसर और आसपास के क्षेत्रों में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात कर दिया गया है।
चप्पे-चप्पे की जांच जारी
डीएसपी देहाती हरविंदर सिंह सरां की अगुवाई में थाना कोटफत्ता और थाना मौड़ की पुलिस टीमों ने डॉग स्क्वॉड तथा बम निरोधक दस्ते के साथ मंदिर परिसर और आसपास के क्षेत्र में व्यापक सर्च अभियान चलाया। कई घंटों तक चली तलाशी के दौरान परिसर के चप्पे-चप्पे की जांच की गई। उधर, साइबर सेल और सुरक्षा एजेंसियां ईमेल भेजने वाले व्यक्ति या संगठन की पहचान में जुट गई हैं। ईमेल के स्रोत और आईपी एड्रेस को ट्रेस करने के लिए तकनीकी जांच शुरू कर दी गई है। प्रशासन ने लोगों से अफवाहों से बचने और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की तुरंत सूचना पुलिस को देने की अपील की है। गौरतलब है कि हाल के दिनों में बठिंडा जिला अदालत, रेलवे स्टेशन और आधा दर्जन से अधिक निजी स्कूलों को भी इसी तरह ईमेल के माध्यम से बम से उड़ाने की धमकियां मिल चुकी हैं। हालांकि जांच में वे सभी धमकियां फर्जी निकली थीं, लेकिन लगातार मिल रहे ऐसे ईमेल सुरक्षा एजेंसियों के लिए बड़ी चुनौती बनते जा रहे हैं।

