ड्राइविंग टैस्ट सैंटर बनाने वाले आवेदकों की बढ़ी परेशानी, कई सेवाएं रहीं प्रभावित
punjabkesari.in Thursday, Jul 02, 2026 - 01:17 PM (IST)
जालंधर (चोपड़ा): ऑटोमेटेड ड्राइविंग टैस्ट सैंटर के नजदीक बस स्टैंड में मंगलवार को तकनीकी खामी के चलते करीब तीन घंटे तक सर्वर बंद रहने से सैकड़ों आवेदकों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। सुबह से ही अपने ड्राइविंग लाइसैंस संबंधी कार्य करवाने पहुंचे लोग घंटों लंबी कतारों में खड़े रहे, लेकिन सर्वर ठप होने के कारण उनका कोई भी कार्य नहीं हो सका। इस दौरान उमस भरी गर्मी ने लोगों की मुश्किलें और बढ़ा दी। आज सुबह लगभग 10:30 बजे सर्वर अचानक बंद हो गया। इसके चलते ड्राइविंग लाइसेंस, लर्निंग लाइसेंस, इंटरनैशनल ड्राइविंग परमिट, लाइसैंस नवीनीकरण, डुप्लीकेट लाइसैंस सहित अन्य सभी ऑनलाइन सेवाएं पूरी तरह प्रभावित हो गईं। सर्वर बंद होने की जानकारी मिलने के बावजूद पहले से कतारों में खड़े लोगों को लंबे समय तक इंतजार करना पड़ा।

कई आवेदकों ने बताया कि वे सुबह जल्दी घर से निकलकर निर्धारित समय पर टैस्ट सैंटर पहुंचे थे ताकि समय रहते उनका कार्य पूरा हो सके, लेकिन तकनीकी समस्या के कारण उन्हें घंटों इंतजार करना पड़ा। कुछ लोगों को आवश्यक कार्यों और नौकरी पर जाने में भी देरी हुई। वहीं कई अभिभावक अपने बच्चों के लर्निंग लाइसेंस बनवाने के लिए पहुंचे थे, लेकिन सर्वर बंद होने के कारण उन्हें भी निराशा हाथ लगी। उमस और गर्मी के बीच कतारों में खड़े लोगों के लिए पर्याप्त बैठने की व्यवस्था नहीं होने से परेशानी और बढ़ गई। कई बुजुर्गों एवं महिलाओं को भी लंबे समय तक खड़े रहना पड़ा। लोग बार-बार कर्मचारियों से सर्वर शुरू होने की जानकारी लेते रहे, लेकिन तकनीकी समस्या दूर होने तक उन्हें इंतजार करना पड़ा।

दोपहर के भोजन अवकाश के बाद सर्वर दोबारा चालू हुआ, जिसके बाद कर्मचारियों ने लंबित आवेदनों का कार्य तेजी से शुरू किया। सर्वर बहाल होने के बाद ड्राइविंग टेस्ट, दस्तावेजों की जांच और लाइसेंस संबंधी अन्य प्रक्रियाएं दोबारा शुरू हुईं। कर्मचारियों ने अधिक से अधिक आवेदकों के कार्य निपटाने का प्रयास किया, जिससे देर शाम तक लंबित मामलों का काफी हद तक समाधान किया जा सका। हालांकि, कई लोगों का कहना था कि यदि सर्वर में तकनीकी खराबी आने की स्थिति में वैकल्पिक व्यवस्था या समय पर सूचना उपलब्ध कराई जाए तो लोगों को अनावश्यक रूप से घंटों इंतजार नहीं करना पड़े। उनका कहना था कि इस प्रकार की समस्या समय-समय पर सामने आती रहती है।
स्थानीय लोगों ने मांग की कि ड्राइविंग टेस्ट सेंटरों में सर्वर प्रणाली को और अधिक मजबूत बनाया जाए तथा बैकअप तकनीकी व्यवस्था उपलब्ध कराई जाए, ताकि भविष्य में इस तरह की परेशानी से बचा जा सके। लोगों का कहना है कि सरकार द्वारा अधिकांश सेवाएं ऑनलाइन कर दी गई हैं, इसलिए तकनीकी ढांचे को भी उसी स्तर पर मजबूत बनाना आवश्यक है, ताकि लोगों को निर्बाध और समय पर सेवाएं मिल सकें।
अपने शहर की खबरें Whatsapp पर पढ़ने के लिए Click Here

