Ludhiana पुलिस कमिश्नर दफ्तर के बाहर सिख जत्थेबंदियों का प्रदर्शन, माहौल तनावपूर्ण
punjabkesari.in Monday, Jun 22, 2026 - 02:29 PM (IST)
लुधियाना (राज): सोशल मीडिया पर सिख धर्म के प्रति कथित तौर पर गलत और आपत्तिजनक शब्दावली का इस्तेमाल करने वाले एक व्यक्ति के खिलाफ कार्रवाई की मांग को लेकर पुलिस कमिश्नर (CP) कार्यालय पहुंचे सिख जत्थेबंदियों के प्रतिनिधियों ने कमिश्नर दफ्तर के बाहर जमकर हंगामा किया और मुख्य मार्ग पर चक्का जाम कर दिया। इस हाई-वोल्टेज ड्रामे के दौरान वहां से गुजर रहे एक शिवसेना नेता की पायलट गाड़ी को भी प्रदर्शनकारियों ने रोक लिया और तोड़फोड़ करते हुए गाड़ी का शीशा तोड़ दिया। मौके पर पहुंचे आला पुलिस अधिकारियों ने कड़ी मशक्कत के बाद स्थिति को नियंत्रित किया।
कमिश्नर के जाते ही भड़का गुस्सा, रोड पर धरने पर बैठे प्रदर्शनकारी
प्राप्त जानकारी के अनुसार, विभिन्न सिख जत्थेबंदियों के नेता सोशल मीडिया पर धर्म विशेष के खिलाफ अभद्र टिप्पणी करने वाले आरोपी के खिलाफ लिखित शिकायत सौंपने और उसकी तुरंत गिरफ्तारी की मांग को लेकर पुलिस कमिश्नर स्वप्न शर्मा से मिलने पहुंचे थे। जत्थेबंदियां अभी कतार में थीं कि अचानक पुलिस कमिश्नर को अति-महत्वपूर्ण वी.आई.पी. (गवर्नर) ड्यूटी के लिए निकलना पड़ा। कमिश्नर के बिना मिले चले जाने से सिख संगठनों के प्रतिनिधि खुद को उपेक्षित महसूस करने लगे और उनका गुस्सा सातवें आसमान पर पहुंच गया। रोष में आए दर्जनों प्रदर्शनकारियों ने तुरंत सीपी ऑफिस परिसर को घेर लिया और नारेबाजी करते हुए बाहर निकल आए। उन्होंने दफ्तर के ठीक सामने से गुजरने वाली मुख्य सड़क (मेन रोड) के बीचों-बीच धरना देकर बैठ गए, जिससे कुछ ही मिनटों में हाईवे पर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं और जाम लग गया।
बीच बचाव में जुटी कई थानों की पुलिस, शिवसेना नेता की गाड़ी पर हमला
सड़क जाम और हंगामे की सूचना मिलते ही पुलिस प्रशासन में हड़कंप मच गया। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए नजदीकी कई थानों की पुलिस फोर्स और आला पुलिस अधिकारी तुरंत मौके पर पहुंचे। अधिकारियों ने प्रदर्शनकारियों को समझाने और सड़क से हटाने का प्रयास किया, लेकिन वे कमिश्नर को मौके पर बुलाने की मांग पर अड़े रहे। इसी गतिरोध के बीच, एक शिवसेना नेता अपने किसी निजी काम के सिलसिले में उसी मार्ग से गुजर रहे थे। प्रदर्शनकारियों ने उनकी सुरक्षा में तैनात 'पायलट गाड़ी' को देखते ही उसे चारों तरफ से घेर लिया और आगे बढ़ने से रोक दिया। माहौल को बिगड़ता देख तैनात पुलिस कर्मियों ने सुरक्षा घेरा बनाकर शिवसेना नेता की गाड़ी को सुरक्षित निकालने की कोशिश की। इसी आपाधापी के बीच प्रदर्शनकारियों में शामिल कुछ शरारती तत्वों ने हमला कर दिया और शिवसेना नेता की पायलट गाड़ी का शीशा तोड़ दिया। जैसे-तैसे पुलिस सुरक्षा के बीच पायलट गाड़ी शिवसेना नेता को लेकर मौके से सुरक्षित निकलने में कामयाब रही।
शीशा तोड़ने वाला हुड़दंगी गिरफ्तार, समझाइश के बाद खुला जाम
अस्पताल और सरकारी दफ्तरों के पास हुए इस हिंसक प्रदर्शन और तोड़फोड़ को लेकर पुलिस ने सख्त रुख अख्तियार किया। पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए शिवसेना नेता की गाड़ी का शीशा तोड़ने वाले मुख्य आरोपी हुड़दंगी को मौके पर ही दबोचकर हिरासत में ले लिया। इसके बाद वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों ने सिख जत्थेबंदियों के वरिष्ठ नेताओं के साथ बंद कमरे में बातचीत की और उन्हें आश्वासन दिया कि सोशल मीडिया पर अभद्र टिप्पणी करने वाले आरोपी के खिलाफ कानून के मुताबिक सख्त से सख्त कार्रवाई की जाएगी। पुलिस के पुख्ता भरोसे और करीब दो घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद सिख जत्थेबंदियां शांत हुईं और धरना समाप्त कर वापस लौटीं, जिसके बाद पुलिस ने यातायात को सुचारू रूप से बहाल करवाया। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि कानून को हाथ में लेने वाले और सरकारी व निजी संपत्ति को नुकसान पहुंचाने वालों को बख्शा नहीं जाएगा।
अपने शहर की खबरें Whatsapp पर पढ़ने के लिए Click Here

