लुधियाना में CA दफ्तर पर SIT की छापेमारी, पुलिस व वकीलों बीच जमकर हुआ बवाल
punjabkesari.in Friday, Jan 09, 2026 - 10:09 AM (IST)
लुधियाना : लुधियाना के टैगोर नगर स्थित प्रसिद्ध चार्टर्ड अकाउंटेंट अश्वनी कुमार के दफ्तर 'अश्वनी एंड एसोसिएट्स' में देर शाम सिट ने छापेमारी की। इस दौरान, पुलिस सतविंदर सिंह कोहली को भी साथ लेकर आई। जैसे ही पुलिस दफ्तर में दाखिल हुई, वहां मौजूद वकीलों ने सर्च वारंट और सरकारी आदेश दिखाने की मांग की, जिस पर पुलिस और वकीलों के बीच तीखी बहस हो गई। यह विवाद उस वक्त और बढ़ गया, जब लुधियाना के अन्य सीए भी मौके पर पहुंच गए और पुलिस के खिलाफ विरोध प्रदर्शन करने लगे।

पुलिस की कार्रवाई पर वकीलों का विरोध
पुलिस ने दफ्तर की तलाशी लेना शुरू किया, तो वकीलों ने सर्च वारंट की मांग की। जब पुलिस ने स्पष्ट जवाब नहीं दिया, तो दोनों पक्षों के बीच बहस हो गई। सीए समुदाय के सदस्य मौके पर पहुंचे और पुलिस के खिलाफ नारेबाजी शुरू कर दी। यह विवाद करीब आधे घंटे तक चलता रहा, और इस दौरान पुलिस और सरकार के खिलाफ जमकर विरोध प्रदर्शन हुआ।
महत्वपूर्ण दस्तावेज और इलेक्ट्रॉनिक सामान जब्त
पुलिस ने दफ्तर की तलाशी ली और महत्वपूर्ण दस्तावेज, लैपटॉप, और सीसीटीवी डीवीआर जब्त कर लिया। सीए समुदाय के सदस्य इस कार्रवाई से नाराज थे और आरोप लगा रहे थे कि पुलिस ने बिना ठोस कारण के अश्वनी कुमार को परेशान किया है। उनका कहना था कि पुलिस को इस तरह के अत्याचार से बचना चाहिए।
सतविंदर सिंह कोहली का दफ्तर में होना
एसआईटी की कार्रवाई अमृतसर और लुधियाना पुलिस की संयुक्त टीम द्वारा की गई थी। पुलिस सतविंदर सिंह कोहली को साथ लेकर दफ्तर पहुंची थी, ताकि दस्तावेजों की पहचान और साक्ष्य इकट्ठा किए जा सकें। इस कदम को सीए एसोसिएशन ने गैर-पेशेवर और अनुचित बताया।
प्राइवेसी का उल्लंघन और पेशेवर अधिकारों का हनन
सीए अनिल सरीन और आई.एस. खुराना ने कहा कि पुलिस द्वारा क्लाइंट के डेटा से भरे लैपटॉप को जब्त करना 'राइट टू प्राइवेसी' का उल्लंघन है। उनका कहना था कि बिना कोर्ट समन और वैध आदेश के इस तरह की कार्रवाई करना गलत है। इस घटना के बाद लुधियाना में सीए समुदाय में गहरी नाराजगी देखी जा रही है। सीए एसोसिएशन का कहना है कि यह कार्रवाई उनके पेशेवर अधिकारों का उल्लंघन है। इसे बर्दाश्त नहीं किया जा सकता।
अपने शहर की खबरें Whatsapp पर पढ़ने के लिए Click Here

